Lockdown 4.0 Indian Railways New Guidelines: भारतीय रेलवे के नए नियम जानिए

प्रधानमंत्री माननीय नरेंद्र मोदी जीने 12 मई रात को 8:00 बजे Lockdown 4  की घोषणा कर दी इसमें उन्होंने यह बताया कि यहां सब कुछ बिल्कुल ही अलग होने वाला है।

 उन्होंने यह भी बोला ट्रेन है सीमित चलाई जाएंगी यह देखकर भारतीय रेलवे ने कुछ नई गाइडलाइंस जारी  की है।

What is Indian Railways Guidelines:-  नई  गाइडलाइंस क्या है और कौन सी है?


 नई दिल्ली भारतीय रेलवे ने श्रमिक स्पेशल ट्रेनों के लिए नई गाइडलाइन जारी की है जिसमें श्रमिक स्पेशल ट्रेनों में लगभग पहले 1200 को ले जाया जा सकता था पर अब 1700  को ले जा पाएंगे।

इससे पहले रेल मंत्रालय के मुताबिक श्रमिक स्पेशल ट्रेनें अपने गंतव्य स्थानों के बीच में कहीं नहीं रुकती थी पर अब यह ट्रेन है शुरुआत से लेकर अपने गंतव्य स्थान तक तीन स्टेशनों पर रुकेगी जिसके बीच में 1700 यात्री बैठ पाएंगे।

 इसके मुताबिक ट्रेन में स्लीपर बर्थ की संख्या बराबर होनी चाहिए।

 कितने यात्री बैठ पाएंगे? How much passengers Can Sit? 


 श्रमिक एक्सप्रेस ट्रेनों में प्रत्येक स्वीपर बर्थ कोच में 72 लोगों की बैठने की जगह है पर वर्तमान समय में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए प्रत्येक स्लीपर कोच में 54 लोग बैठ पाएंगे।

भारतीय रेलवे ने और सरकार ने बहुत अधिक यात्रियों को उनके घर तक पहुंचाया है और प्रतिदिन 300 ट्रेनें चलाने का फैसला किया गया है पर रेलवे यह चाहती है कि प्रतिदिन 300  से अधिक ट्रेन चलें ताकि ज्यादा से ज्यादा यात्री अपने घर तक पहुंच सके।
जानिए भारतीय रेलवे के नए नियम कौन सी ट्रेनें चलाई जाएंगी


 सीमित रूटों पर चलेंगी ट्रेन:-

 जी हां यह सच है उसी में सीमित रूटों पर ट्रेनें चलाई जाएंगी जहां पर कोरोना महामारी का फैलना बहुत कम है जो orange Zone और ग्रीन जोन में आता है!


 कैसे बुक कराएं टिकट?

अब जब से यह ट्रेनें चलाई जा रही है तब से टिकट काउंटर की सेवा बिल्कुल बंद रहेगी ताकि शारीरिक दूरी का पालन किया जा सके,

 तो यह टिकट IRCTC की रेलवे वेबसाइट पर बुक होगी जो आप ऑनलाइन बुक कर सकते हैं और कंफर्म टिकट होने पर ही आपको ट्रेन में बैठाया जाएगा ।

और यह भी ध्यान में रखी है आपको प्लेटफार्म टिकट भी नहीं दिया जाएगा ।

सचिव भल्ला ने केंद्रीय सरकारों से यह विनती करी है कि जहां आपके मजदूर फंसे हैं उन्हें जल्दी से जल्दी उनके घर पहुंचाया जाए अगर नहीं पहुंचाया जाएगा तो यह कोरोना शंकर्मतम मरीजों की संख्या अधिक हो सकती है ।

Post a Comment

0 Comments